आंध्र प्रदेश: पार्वतीपुरम-मन्यम ज़िले में 11 वर्षीय कक्षा 7 की छात्रा है, तेज़ बुखार, पेट दर्द और उल्टियों से गंभीर रूप से बीमार थी। पिता के निधन के बाद वह अपने चाचा के साथ रहती थी। पहले उसका इलाज कुरुपम के सरकारी अस्पताल में हुआ, जिससे कुछ सुधार हुआ, लेकिन घर लौटने के बाद उसकी तबीयत फिर बिगड़ गई।
दूरदराज़ पहाड़ी इलाके में सड़क और वाहन की सुविधा न होने के कारण समय पर इलाज पहुंचाना मुश्किल हो गया। ऐसे में स्कूल की वार्डन कुंबुरका हेमानी एक निजी एएनएम के साथ गांव पहुंचीं और छात्रा को करीब 6 किलोमीटर तक अपनी पीठ पर उठाकर पथरीले रास्ते से नेल्लिकेक्कुवा तक ले गईं। वहां से वाहन के जरिए उसे पार्वतीपुरम जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसे ICU में भर्ती किया गया। अब उसकी हालत में सुधार है।
वीमेन, चाइल्ड और ट्राइबल वेलफेयर की मंत्री गुम्मडी संध्यारानी ने हेमानी को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। वहीं सोशल मीडिया पर कई लोगों ने कहा कि सिर्फ सम्मान देने के